Trimita Chakma
स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने यूरोपीय संघ से ट्रिप्स छूट को अवरुद्ध नहीं करने का आग्रह किया TRIPS वेवर याचिका पत्र
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सार्वजनिक धन ने कोरोना वायरस से लड़ने के लिए वैज्ञानिक विकास के लिए रास्ता बनाया है- मगर अब कॉर्पोरेट के प्रोपेर्टी अधिकार महतावपूर्ण दवाइयों और उपकरणों तक पहुँच में बाधा बन रहे हैं और लाखों-करोड़ों लोगों की ज़िंदगी ख़तरे में डाल रहे हैं।
इसीलिए संगठनों और नागरिक समाज के साथ साथ कई सरकारें वर्ल्ड ट्रेड ऑर्गनाइज़ेशन (डबल्यूटीओ) से कोविड-19 वैक्सीन, दवाइयों और कोविड चिकित्सा में उपयोगी उपकरणों पर से इंटेलेक्चुअल प्रोपेर्टी के सुरक्षा उपाय हटाने की मांग कर रहे हैं(इसे TRIPS वेवर भी कहा जा रहा है)। मगर जी7 और यूरोपियन यूनियन के देश इस प्रस्ताव का विरोध कर रहे हैं।
इस पत्र पर हस्ताक्षर करें और उन्हें बताए कि निजी फ़ायदे को जनता के स्वास्थ्य से ऊपर नहीं रखा जाना चाहिए।
TRIPS वेवर के बारे में और पढ़ें:
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Monopoly patents or vaccines for all? [Hindi subtitles]
प्रिय [जी7/ईयू देश] के नेताओं,
भारत और साउथ अफ़्रीका में कोविड महामारी में फ्रंटलाइन हेल्थ वर्कर्स के तौर पर, हम हर रोज़ देख रहे हैं कि इस वायरस की वजह से लोग किस दर्द का सामना कर रहे हैं; कोई अपनी आख़िरी साँस लेता है, और पूरा परिवार ख़त्म हो जाता है। हमारे साथी स्वास्थ्यकर्मी भी अपनी जान गंवा रहे हैं।
हम [जी7/ईयू देशों] के स्वास्थ्यकर्मियों और उनके परिवारों के बारे में जानते हैं कि वह इस पीड़ा का सामना कर रहे हैं, और हम उनके साथ इस दुख में शामिल हैं।
मगर हम उस उम्मीद के भाव में शामिल नहीं हैं जो [जी7/ईयू देशों] के लोगों के मन में जान बचाने वाले टीके की वजह से पैदा हो रहा है।
एक तरफ़ जहाँ [जी7/ईयू देशों] के पास अपनी पूरी आबादी से भी ज़्यादा के लिए टीके मौजूद हैं, वहीं दूसरी तरफ़ अति-ग़रीब देशों में 10 में से 9 लोग इस साल टीका नहीं लगवा पाएंगे। एक स्वास्थ्यकर्मी के तौर पर हम हर किसी की जान की रक्षा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं, मगर टीकाकरण की इस सूची में हमारे लोग ही सबसे पीछे हैं।
हमारे देशों में कुछ कंपनियाँ कोविड-19 टीके बना रही हैं मगर हमारे और अन्य विकासशील देशों में कई उत्पादकों के पास और ज़्यादा बनाने की क्षमता और कौशल है ताकि ज़्यादा से ज़्यादा जानें बच सकें। हमें यह देख कर दुख होता है [जी7/ईयू सरकारें जानबूझ कर ऐसा होने में रुकावट पैदा कर रही हैं।
हमारी सरकारों ने अस्थायी रूप से इंटेलेक्चुअल प्रोपेर्टी के नियमों में एक वेवर का प्रस्ताव रखा है, जिससे दुनिया भर में प्रशिक्षित उत्पादक ज़्यादा से ज़्यादा संख्या में टीके और अन्य कोविड स्वास्थ्य टेक्नॉलॉजी जैसे थेरेप्यूटिक और डायग्नोस्टिक बना सकते हैं। मगर [जी7/ईयू देश] इसका समर्थन नहीं कर रहे हैं। वह टीके की जानकारी सिर्फ़ कुछ फ़ार्मा कंपनियों तक सीमित रख रहे हैं, जो यह निश्चित कर रही हैं कि कौन जियेगा और कौन मरेगा।
[हालांकि हमारे सरकारी प्रतिनिधियों को इस हफ़्ते जी7 सम्मेलन में शामिल होने के लिए बुलाया गया है, हम चाहते हैं कि आप इस संकट के फ्रंटलाइन से हमारी आवाज़ें भी सुनें।]
इस ज़रूरत की घड़ी में, [जी7/ईयू] सरकार उन फ़ार्मा कंपनियों के साथ कैसे खड़ी रह सकती है, जिनकी इच्छाओं से हमारे हज़ारों-लाखों लोगों की मौत हो रही है। हम आपसे मांग करते हैं कि हमारी सरकारों द्वारा प्रस्तावित किए गए इंटेलेक्चुअल प्रोपेर्टी वेवर का तुरंत समर्थन करें। एक दिन कि भी देरी हमारे दर्द को बढ़ा रही है।
*नोट: इस पत्र का इस्तेमाल डबल्यूटीओ में TRIPS वेवर का समर्थन न करने वाली अन्य सरकारों को निशाना बनाने के लिए किया जा सकता है।